MCG के 408 रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम, फिर भी गुड़गांव में बाढ़ जैसे हालात
punjabkesari.in Monday, Aug 24, 2026 - 06:13 PM (IST)
गुड़गांव, (ब्यूरो): मानसून शुरू होने से पहले नगर निगम द्वारा गुड़गांव में 408 मॉडल रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम बने होने और उनके कार्यशील होने के दावे तो किए गए थे, लेकिन यह रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम कहां बने हैं और किस तरह से इनका फायदा लोगों को मिल रहा है इसका कुछ पता नहीं है। नगर निगम क्षेत्र में 408 रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम होने के बावजूद भी पूरा गुड़गांव बारिश में जलमग्न हो रहा है। आज सुबह दो घंटे तक हुई बारिश में पूरा गुड़गांव एक बार फिर जलमग्न हो गया। वहीं, अधिकारियों की मानें तो दोपहर 3 बजे तक गुड़गांव में करीब 75 मिलीमीटर बारिश हुई। इस बारिश का पानी पूरे गुड़गांव में भरा हुआ है। ज्यादातर सड़कें जलमग्न हैं। हालांकि नगर निगम कमिश्नर ने गुड़गांव में दौरा तो किया है, लेकिन यह कुछ चुनिंदा स्थानों का रहा जहां पानी की निकासी तुरंत हो जाती है।
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नगर निगम अधिकारियों की मानें तो, नगर निगम क्षेत्र में 408 पारंपरिक रेन वाटर हार्वेस्टिंग संरचनाएं स्थापित हैं, जिनमें से 227 पूर्णतः कार्यशील हैं। मानसून शुरू होने से पहले ही शेष 181 संरचनाओं की सफाई, मरम्मत और पुनर्संचालन का कार्य तेजी से किया गया और दावा किया गया कि इस बार बरसात में जलभराव नहीं होगा, लेकिन दावे हर बार की तरह इस बार भी खोखले साबित हुए। हाल ही में नगर निगम द्वारा 25 नए रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम बनाए गए जहां पानी की निकासी हुई और नगर निगम अधिकारी इनकी कामयाबी पर अपनी पीठ थपथपाने लगे और जोर-शोर से इसका प्रचार प्रसार करने लगे। नगर निगम अधिकारियों की मानें तो MCG माइक्रो एसटीपी के माध्यम से भी जल संरक्षण को बढ़ावा दे रहा है। शहर में 49 माइक्रो एसटीपी स्थापित हैं, जिनकी कुल क्षमता 2275 केएलडी है। इतना होने के बाद भी आज गुड़गांव जलभराव से अछूता नहीं है। लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। फिलहाल देखना यह होगा कि आखिर लोगों को जलभराव की समस्या का स्थाई रूप से समाधान कब तक मिल पाता है।