हरियाणा में टूटेगी तस्करों की कमर, एनसीबी ने तैयार की 860 कुख्यात नशा तस्करों की सूची
punjabkesari.in Thursday, Apr 03, 2025 - 11:08 AM (IST)

चंडीगढ़: हरियाणा राज्य नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो ने 860 कुख्यात नशा तस्करों की विस्तृत सूची बनाई है। इन तस्करों के खिलाफ 10 वर्षों में नशा तस्करी के 3 या उससे ज्यादा मुकदमे दर्ज हुए हैं। पुलिस हिटलिस्ट में शामिल 860 नशा तस्करों में 730 तस्कर जेल से बाहर हैं। हरियाणा पुलिस ने नशे के कारोबार को जड़ से खत्म करने के लिए अब तक की सबसे ठोस और योजनाबद्ध कार्रवाई शुरू कर दी है। हरियाणा राज्य नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो ने 860 कुख्यात नशा तस्करों की सूची तैयार कर लिया है, जिन पर पिछले 10 वर्षों में एनडीपीएस एक्ट के तहत तीन या अधिक केस दर्ज हैं।
तकनीकी स्तर पर भी काम को किया जाएगा मजबूत
खास बात यह है कि अब तकनीकी स्तर पर भी काम को मजबूत किया जा रहा है। राज्य की साइबर फॉरेंसिक लैब को यह निर्देश दिया गया है कि वे जांच अधिकारियों को हर डिजिटल जांच में प्राथमिकता पर सहयोग दें, चाहे वह मोबाइल डेटा हो, इनक्रिप्टेड मैसेजिंग हो या वित्तीय ऐप्स। सिरसा, फतेहाबाद और यमुनानगर सबसे अधिक प्रभावित जिले हैं। अकेले सिरसा में 117 तस्कर सूचीबद्ध हैं, जिनमें से 106 अभी भी जेल से बाहर हैं।
यह कोई सामान्य सूची नहीं
इस सूची को सभी जिला और फील्ड यूनिट्स के साथ साझा करते हुए एचएसएनएसबी के मुखिया डीजीपी ओपी सिंह ने तत्काल प्रभाव से एक्शन लेने के निर्देश जारी किए हैं। आईपीएस ओपी सिंह ने बताया कि कोई सामान्य सूची नहीं है। यह एक ‘लाइव ट्रैकर’ है, जो लगातार अपडेट होगा। इसे एक ऐसा अभियान बताया जा रहा है जो सिर्फ गिरफ्तारी नहीं, बल्कि पूरे नेटवर्क को खत्म करने के मकसद से शुरू किया गया है। हरियाणा राज्य नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के प्रमुख और डीजीपी ओपी सिंह ने कहा कि अब सामान्य रणनीतियों का समय खत्म हो चुका है। हमने उन लोगों को चिन्हित कर लिया है, जो जमानत और ट्रायल में देरी का फायदा उठाकर लगातार तस्करी को अंजाम दे रहे हैं। यह सूची उनके लिए चेतावनी है। अब हर कदम पर निगरानी है।
ओपी सिंह ने सख्त लहजे में कहा कि हम केवल पेडलर नहीं, पूरे नेटवर्क को खत्म कर रहे हैं। अब यह भ्रम नहीं रह जाएगा कि ट्रायल में देरी, शेल कंपनियां या डिजिटल छुपाव इन्हें बचा सकते हैं। हर चैनल अब हमारी निगरानी में है। इस मुहिम को जन सहयोग भी मिल रहा है। आम जनता से अपील की गई है कि वे नशे के कारोबार से जुड़ी जानकारी साझा करने करने के लिए हेल्पलाइन नंबर 1933 (24x7 ड्रग हेल्पलाइन) पर कॉल या व्हाट्सएप नंबर 90805-91805 पर मैसेज कर सकते हैं। केंद्र सरकार द्वारा संचालित मानस पोर्टल पर गुमनाम शिकायत भी कर सकते हैं।