हरियाणा सरकार का बड़ा प्रशासनिक फैसला, ACS सुधीर राजपाल को विशेष छूट; 15 नवंबर तक कर सकेंगे इस पावर का इस्तेमाल
punjabkesari.in Wednesday, Oct 14, 2026 - 06:09 PM (IST)
चंडीगढ़ (चंद्र शेखर धरणी) : हरियाणा सरकार ने प्रशासनिक आवश्यकताओं और विभागीय कामकाज को सुचारू बनाए रखने के मद्देनजर वरिष्ठ आईएएस अधिकारी एवं अतिरिक्त मुख्य सचिव (ACS) सुधीर राजपाल को विशेष छूट प्रदान की है। सरकार के इस फैसले के तहत सुधीर राजपाल अब 15 नवंबर 2026 तक प्रशासनिक सचिव के रूप में अपनी सभी शक्तियों का इस्तेमाल कर सकेंगे। इस संबंध में सरकार की ओर से जारी आदेशों के अनुसार, उन्हें 26 मई 2022 को जारी सरकारी निर्देशों से छूट दी गई है।

सरकार का यह निर्णय प्रशासनिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि संबंधित निर्देशों के तहत सेवानिवृत्ति से दो महीने पहले प्रशासनिक सचिवों की शक्तियों को सीमित करने का प्रावधान किया गया था। सुधीर राजपाल 30 नवंबर 2026 को सेवानिवृत्त होने वाले हैं। ऐसे में सामान्य व्यवस्था लागू रहने की स्थिति में उनकी प्रशासनिक शक्तियां सेवानिवृत्ति से पहले ही सीमित हो सकती थीं। हालांकि, सरकार ने विशेष छूट देते हुए उन्हें 15 नवंबर तक इन शक्तियों का इस्तेमाल करने की अनुमति प्रदान की है।
कई महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं सुधीर राजपाल
सुधीर राजपाल हरियाणा सरकार में कई महत्वपूर्ण विभागों के अतिरिक्त मुख्य सचिव के रूप में जिम्मेदारी निभा रहे हैं। इनमें गृह, जेल, सीआईडी, न्याय प्रशासन, पर्यावरण, वन एवं वन्यजीव तथा वित्त एवं योजना जैसे अहम विभाग शामिल हैं। इन विभागों का सीधा संबंध प्रदेश की कानून-व्यवस्था, प्रशासनिक व्यवस्था, न्यायिक कार्यप्रणाली, पर्यावरण संरक्षण और वित्तीय नियोजन जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों से है।
ऐसे में इन विभागों से संबंधित नीतिगत निर्णयों, प्रशासनिक प्रस्तावों और सरकारी कामकाज के समयबद्ध निपटारे के लिए प्रशासनिक स्तर पर अधिकारों की निरंतरता महत्वपूर्ण होती है। सरकार के ताजा फैसले से सुधीर राजपाल को निर्धारित अवधि तक प्रशासनिक सचिव के तौर पर अपनी शक्तियों का उपयोग जारी रखने का अवसर मिलेगा।
2022 के निर्देशों में दी गई विशेष छूट
हरियाणा सरकार ने 26 मई 2022 को जारी निर्देशों के माध्यम से सेवानिवृत्ति के करीब पहुंचने वाले प्रशासनिक सचिवों की शक्तियों को सीमित करने की व्यवस्था निर्धारित की थी। इसका उद्देश्य सेवानिवृत्ति से पहले प्रशासनिक निर्णयों और अधिकारों के इस्तेमाल को निर्धारित नियमों के दायरे में रखना था। इस व्यवस्था के अनुसार, सेवानिवृत्ति से दो महीने पहले संबंधित अधिकारियों की प्रशासनिक शक्तियां सीमित की जानी थीं।
अब सरकार ने सुधीर राजपाल के मामले में इन निर्देशों से विशेष छूट देने का फैसला किया है। इसके परिणामस्वरूप वह 15 नवंबर 2026 तक प्रशासनिक सचिव की सभी शक्तियों का उपयोग कर सकेंगे। यह छूट निर्धारित अवधि के लिए दी गई है, इसलिए इसे सामान्य नियम में बदलाव के बजाय संबंधित अधिकारी के मामले में विशेष राहत के रूप में देखा जा रहा है।
30 नवंबर को होना है सेवानिवृत्त
सुधीर राजपाल की सेवानिवृत्ति 30 नवंबर 2026 को निर्धारित है। सरकार के आदेश के अनुसार, उन्हें 15 नवंबर तक प्रशासनिक सचिव की शक्तियों का इस्तेमाल करने की अनुमति मिली है। इस तरह विशेष छूट की अवधि उनकी सेवानिवृत्ति की तारीख से पहले तक निर्धारित की गई है।
हरियाणा सरकार का यह फैसला ऐसे समय में आया है, जब कई महत्वपूर्ण विभागों में प्रशासनिक कामकाज और विभिन्न सरकारी योजनाओं से जुड़े मामलों का निपटारा महत्वपूर्ण है। हालांकि, इस छूट के पीछे किसी विशिष्ट लंबित मामले या अतिरिक्त उद्देश्य का उल्लेख उपलब्ध जानकारी में नहीं है। फिलहाल आदेश का मुख्य बिंदु यही है कि सुधीर राजपाल को 26 मई 2022 के निर्देशों से छूट देते हुए 15 नवंबर 2026 तक प्रशासनिक सचिव की सभी शक्तियों का इस्तेमाल करने की अनुमति दी गई है।