सीएम मनोहर लाल ने कहा यह कर्ज का नहीं फर्ज का बजट, पंक्ति में खड़े अंतिम व्यक्ति के उत्थान से शुरुआत करना असली ध्येय

punjabkesari.in Monday, Mar 21, 2022 - 08:49 PM (IST)

चंडीगढ़ (चंद्रशेखर धरणी)  हरियाणा के मुख्यमंत्री  मनोहर लाल ने कहा कि साल 2022 23 का बजट अंत्योदय को समर्पित है। सरकार का ध्येय पंक्ति में खड़े अंतिम व्यक्ति के का उत्थान करना है। जिसका हक होगा उसको अपना हक अवश्य मिलेगा, लेकिन सरकारी योजनाओं का लाभ सबसे पहले गरीब व्यक्ति को ही मिलेगा। इसलिए  सरकार ने जो बजट पेश किया है वह कर्ज का नहीं फर्ज का बजट है।  जिसमें हमने हर जरूरतमंद व्यक्ति के उत्थान करने का बेड़ा उठाया है। यह पैसा न सत्ता पक्ष का है, न विपक्ष का है, यह जनता का पैसा है और हम इसका उपयोग सदैव जनहित में रहेंगे।

बता दें कि मुख्यमंत्री आज विधानसभा के चल रहे बजट सत्र के दौरान बजट अनुमानों पर चर्चा पर अपना जवाब दे रहे थे।  सीएम मनोहर लाल ने कहा कि  पिछले 2 सालों में करोड़ों के कारण विकास की रफ्तार धीमी हुई है, लेकिन सरकार ने विकास की गति को लगातार बनाए रखा है।  सीएम ने कहा कि  सरकार ने बजट से पूर्व सभी हितधारकों से परामर्श लेने की एक नई पहल शुरू की है। इस बार भी लगभग 550 लोगों से परामर्श कर बजट में उनके सुझावों को शामिल किया गया है।

मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कहा कि इस साल के बजट में सरकार ने यह दर्शाया है कि लघु 55000 करोड़ का ऋण देना है। इस राशि के अंदर 14800 करोड़ रुपए किसानों के लिए खरीद प्रक्रिया और भंडारण के लिए भी शामिल है। इस नाते से देखा जाए तो जो राशि 40000 करोड़ रुपये के आसपास है, इसमें से लगभग 20000 करोड़ रुपए का पिछला भुगतान कर रहे हैं।

नई पेंशन स्कीम कांग्रेस के समय में की गई थी लागू

मुख्यमंत्री ने कहा कि 15 साल पहले, 22 जनवरी 2007 को जब श्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा मुख्यमंत्री थे और सरदार मनमोहन सिंह देश के प्रधानमंत्री थे, उस समय एक सर्कुलर जारी किया गया था, जिसमें नई पेंशन योजना को लागू करने का निर्णय लिया गया था। नई पेंशन स्कीम के तहत कुछ ऐसा सरकार और कुछ हिस्सा कर्मचारी का जमा किया जाता है जिससे एक कॉरपस फंड बनता है जिसमें से पेंशन का भुगतान किया जाता है। वर्ष 2009 में यह योजना बहुत छोटे से शुरू हुई थी और उस बस में 21 करोड़ रुपये एरियर और 12 करोड़ रुपए का नई पेंशन स्कीम के तहत भुगतान किया गया था। पुरानी पेंशन स्कीम अलग से चल रही थी। इस प्रकार पुरानी पेंशन स्कीम के तहत 2390 करोड़ रुपये पर और नई पेंशन स्कीम के तहत 43 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया। जबकि आज, पुरानी पेंशन स्कीम और नई पेंशन स्कीम को मिलाकर लगभग 12 से 13000 करोड़ रुपए का बोझ उठा रहे हैं।

सीएम ने कहा कि भारत सरकार ने नई पेंशन स्कीम के तहत सरकार के हिस्से को 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 14 प्रतिशत कर दिया है, जिसका अनुसरण करते हुए हरियाणा सरकार ने भी जनवरी 2022 से सरकारी हिस्से को 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 14 प्रतिशत कर दिया गया है। कर्मचारियों का हिस्सा 10 प्रतिशत ही है। उन्होंने कहा कि नई पेंशन स्कीम लागू रहेगी।  


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Content Writer

Isha

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