दलाल खाप-84 ने भी किया किसानों का समर्थन, बोले- कानूनों को रद्द कर MSP कानून लागू करे सरकार

12/5/2020 12:41:49 PM

बहादुरगढ़(प्रवीण): छिल्लर-छिकारा खाप के बाद अब दलाल खाप-84 भी आंदोलनरत किसानों के समर्थन में उतर आई है। शुक्रवार को दलाल खाप-84 ने अपना समर्थन आंदोलनरत किसानों को दिया। खाप के प्रधान भूप सिंह दलाल ने कहा कि किसानों की मांग जायज है और जब तक किसानों के हक में फैसला नहीं आ जाता, तब तक खाप इस आंदोलन में किसानों के साथ है। खाप हर तरह से आंदोलनरत किसानों का सहयोग करेगी। भूप सिंह दलाल ने कहा कि सरकार तीनों कानूनों को रद्द कर एम.एस.पी. कानून लागू करे, ताकि किसानों को राहत मिल सके। उन्होंने बताया कि 2 घंटे तक दलाल खाप की पंचायत हुई थी। पंचायत में हर विषय पर चर्चा हुई।

पंचायत में निर्णय लिया गया है कि जब तक आंदोलन चलेगा खाप आंदोलन में पूर्ण शामिल रहेगी। किसानों को उम्मीद है कि 5 दिसम्बर को होने वाली किसानों और सरकार के बीच मीटिंग में हल जरूर निकलेगा। बता दें कि छिल्लर-छिकारा खाप के अलावा अहलावत व धनखड़ खाप भी किसानों को अपना समर्थन दे चुकी हैं। वहीं दलाल खाप-84 ने भी अपना पूरा समर्थन दिया है और सरकार से मांग की है कि किसानों की सभी मांगों को पूरा किया जाए अन्यथा सभी छोटे-बड़े सब रास्तों को बंद कर दिया जाएगा। 

सुरक्षा जवानों की संख्या बढ़ी
किसानों की संख्या के साथ ही टीकरी बार्डर पर दिल्ली पुलिस, सी.आर.पी.एफ., बी.एस.एफ. व सी.आई.एस.एफ. के जवानों की संख्या भी लगातार बढ़ रही है। टीकरी बार्डर पर दिन भर गहमा-गहमी है। प्रदर्शन में शामिल किसानों को संबोधित करने के लिए किसान यूनियनों के नेताओं के साथ-साथ राजनीतिक लोग भी पहुंच रहे हैं। 2 दिन पहले किसानों को अपना समर्थन देने के लिए राजस्थान, पंजाब व दिल्ली के एक-एक विधायक पहुंचे थे। वहीं बहादुरगढ़ से भी कांग्रेस विधायक राजेंद्र सिंह जून ने अपना समर्थन दिया था।  वहीं किसानों के लिए हरियाणा के किसान लंगर में सेवा से लेकर, लस्सी, कम्बल, खाने-पीने का सामान लेकर आ रहे हैं।

हालांकि किसानों ने बार-बार कहा कि वे लोग 6 महीने तक का राशन लेकर आए हैं। वहीं, आंदोलन के बीच डी.जे. भी पहुंच गया है। इससे संबोधन होता है। पुलिस जवानों की संख्या बढ़ाने के साथ-साथ दिल्ली पुलिस प्रशासन की ओर से जे.सी.बी. मशीनें, वज्र वाहन भी खड़े किए गए हैं। पुलिस ने जो सुरक्षा के कदम उठाए हैं वो अहतियातन उठाए हैं। प्रदर्शन में हरियाणा-पंजाब से भी लगातार किसानों के आने का सिलसिला चल रहा है। 

दिल्ली जाने के लिए वैकल्पिक मार्ग अपनाए आमजन : पुलिस अधीक्षक
दिल्ली जाने के लिए वाया बादली से ढांसा बॉर्डर या फरुखनगर से गुरुग्राम सहित अन्य सड़क मार्गों का इस्तेमाल किया जा सकता है। दिल्ली जाने वाले वाहन चालकों और आमजन की सुविधा को मद्देनजर रखते हुए झज्जर पुलिस द्वारा यातायात संबंधी एडवाइजरी जारी की गई है। कोई भी व्यक्ति बादली ढांसा बॉर्डर या फिर फरुखनगर गुरुग्राम से होते हुए दिल्ली जा सकता है। पुलिस अधीक्षक झज्जर राजेश दुग्गल ने जानकारी देते हुए बताया कि जिला झज्जर में किसानों व अन्य संगठनों द्वारा किए गए दिल्ली चलो आह्वान पर किसान टिकरी बॉर्डर बहादुरगढ़ पर धरना पर बैठे हुए हैं। जिस कारण बहादुरगढ़ में जाम की स्थिति उत्पन्न हो गई है।

बहादुरगढ़ से दिल्ली जाने का मुख्य मार्ग वाया टीकरी बॉर्डर इस धरने के कारण बाधित है। इसलिए आम जनता से अपील है कि दिल्ली जाने के लिए वाया बहादुरगढ़ टिकरी बॉर्डर का रास्ता न अपनाएं। अपितु दिल्ली जाने के लिए अन्य वैकल्पिक मार्ग जैसे बादली- ढांसा बॉर्डर दिल्ली, गांव जरगदपुर चौक से मुंडेला दिल्ली, गांव गुभाना से बाकरगढ़ दिल्ली, गांव देवरखाना लोहट से गालिबपुर दिल्ली गांव बाढ़सा से गालिबपुर दिल्ली, गांव लुक्सर से मुंढेला दिल्ली या गांव याकूबपुर-फरुखनगर-गुरुग्राम से होते हुए दिल्ली जाना संभव है। उन्होंने आमजन से अपील करते हुए कहा कि दिल्ली जाने के लिए उपरोक्त वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करें और बहादुरगढ़-टीकरी बॉर्डर की तरफ जाने से बचें।


 


Isha

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