भजनलाल-चंद्रमोहन मानहानि मामला: रेखा शर्मा को झटका, विशेष कोर्ट में केस ट्रांसफर करने की अर्जी खारिज
punjabkesari.in Wednesday, Jul 22, 2026 - 02:34 PM (IST)
चंडीगढ़: हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय चौधरी भजनलाल और पूर्व उपमुख्यमंत्री एवं वर्तमान पंचकूला विधायक चंद्रमोहन से जुड़े कथित आपराधिक मानहानि मामले में भारतीय जनता पार्टी (BJP) की राज्यसभा सांसद रेखा शर्मा को अदालत से बड़ा झटका लगा है। पंचकूला की न्यायिक मजिस्ट्रेट अदालत ने मामले को सांसद-विधायक (MP/MLA) विशेष अदालत में स्थानांतरित करने संबंधी रेखा शर्मा की याचिका को पूरी तरह से खारिज कर दिया है।अब इस चर्चित मामले की अगली सुनवाई 30 जुलाई को न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में ही होगी।
क्या था सांसद रेखा शर्मा का पक्ष?
सुनवाई के दौरान राज्यसभा सांसद रेखा शर्मा के कानूनी प्रतिनिधियों ने अदालत में आवेदन (Application) दाखिल कर गुहार लगाई थी कि यह मामला एक जनप्रतिनिधि से जुड़ा हुआ है। इसलिए इस आपराधिक मानहानि शिकायत की सुनवाई नियमित अदालत के बजाय विशेष MP/MLA कोर्ट में ट्रांसफर की जानी चाहिए।
शिकायतकर्ता पक्ष का तर्क
'मामला लंबा खींचने की कोशिश'दूसरी ओर, विधायक चंद्रमोहन की पैरवी कर रहे एडवोकेट दीपांशु बंसल ने सांसद की अर्जी का कड़ा विरोध किया। उन्होंने अदालत के सामने तर्क दिया कि: "विशेष कोर्ट में ट्रांसफर की यह याचिका कानूनी रूप से पूरी तरह आधारहीन है। इसका उद्देश्य केवल न्यायिक प्रक्रिया में देरी करना और मामले की सुनवाई को अनावश्यक रूप से लंबा खींचना है।" अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद सांसद रेखा शर्मा के आवेदन को खारिज करते हुए सुनवाई न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट में ही जारी रखने का निर्णय सुनाया।
क्या है पूरा मामला?
यह पूरा विवाद तब शुरू हुआ जब बीजेपी सांसद रेखा शर्मा ने पंचकूला में एक राजनीतिक कार्यक्रम के दौरान हरियाणा के तीन बार मुख्यमंत्री रहे स्व. चौधरी भजनलाल और उनके पुत्र व विधायक चंद्रमोहन के खिलाफ कथित रूप से विवादित और अपमानजनक टिप्पणियां की थीं।
इसके बाद विधायक चंद्रमोहन ने कड़ा रुख अपनाते हुए सांसद के खिलाफ आपराधिक मानहानि (Criminal Defamation) का केस दर्ज कराया था। चंद्रमोहन का कहना है कि सांसद के इन बयानों से उनके परिवार और दिवंगत पूर्व मुख्यमंत्री की सामाजिक प्रतिष्ठा को गहरा धक्का पहुंचा है।