HC से यूट्यूबर को बड़ी राहत, जासूसी और ISI कनेक्शन के नहीं मिले सबूत....मिली गई जमानत
punjabkesari.in Wednesday, Apr 29, 2026 - 01:51 PM (IST)
चंडीगढ़/मोहाली: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने 'Jaan Mahal' नाम से यूट्यूब चैनल चलाने वाले प्रसिद्ध व्लॉगर जसबीर सिंह को बड़ी राहत दी है। कोर्ट ने उन्हें नियमित जमानत (Regular Bail) प्रदान करते हुए स्पष्ट किया कि शुरुआती जांच में उनके खिलाफ पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी ISI के साथ संबंधों या संवेदनशील जानकारी साझा करने के कोई ठोस सबूत नहीं मिले हैं।
जस्टिस विनोद एस. भारद्वाज की बेंच ने पाया कि जसबीर के मोबाइल डेटा से अब तक ऐसी कोई चैट, मैसेज या कॉल रिकॉर्ड बरामद नहीं हुई है, जो किसी पाकिस्तानी नागरिक या एजेंसी के साथ उनके संपर्क की पुष्टि करती हो। पुलिस द्वारा जिन वीडियो को आधार बनाया गया था, कोर्ट ने उन्हें सार्वजनिक रूप से सुलभ स्थानों का वीडियो माना। राज्य सरकार भी यह साबित करने में विफल रही कि उन वीडियो में कोई 'क्लासिफाइड' या प्रतिबंधित जानकारी थी।
जसबीर सिंह 3 जून 2025 से जेल में बंद थे। कोर्ट ने उनके साफ आपराधिक रिकॉर्ड (Clean Antecedents) और 10 महीने की लंबी हिरासत को देखते हुए उन्हें जमानत दी। कोर्ट ने नोट किया कि 'ऑफिशियल सीक्रेट्स एक्ट' के तहत मामला चलाने के लिए आवश्यक कुछ तकनीकी पहलुओं और साक्ष्यों की कमी है, जो मुकदमे के दौरान बहस का विषय रहेंगे।
क्या था पूरा मामला?
जसबीर सिंह को पिछले साल मोहाली के स्टेट स्पेशल ऑपरेशंस सेल (SSOC) ने गिरफ्तार किया था। उन पर आरोप था कि वे यूट्यूब व्लॉगिंग की आड़ में भारतीय सेना की आवाजाही और संवेदनशील ठिकानों की जानकारी ISI को दे रहे थे। पुलिस ने उन्हें एक बड़े जासूसी नेटवर्क का हिस्सा बताया था, जिसमें हरियाणा की यूट्यूबर ज्योति मल्होत्रा का नाम भी शामिल था। अदालत ने जसबीर सिंह को जमानत देते हुए निर्देश दिया है कि वे ट्रायल कोर्ट के समक्ष आवश्यक बांड भरें। किसी भी गवाह को डराने या प्रभावित करने की कोशिश न करें और जांच में पूर्ण सहयोग करें।