दर्दनाक हादसा: कपड़ा गोदाम में भारी गांठ के नीचे दबने से बिहार के मजदूर की मौत, 25 साल से कर रहा था मजदूरी
punjabkesari.in Monday, Nov 02, 2026 - 07:16 PM (IST)
पानीपत(सचिन): शहर के काबड़ी रोड स्थित हरे कृष्णा फैक्ट्री के गोदाम में एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। गोदाम में कपड़े की छंटाई का काम कर रहे 42 वर्षीय मजदूर की कपड़े की भारी गांठ के नीचे दबने से मौत हो गई। हादसे के बाद गोदाम में अफरा-तफरी मच गई। साथी मजदूरों ने आनन-फानन में घायल मजदूर को कपड़ों की गांठ के नीचे से बाहर निकाला और उपचार के लिए पानीपत के एक निजी अस्पताल में पहुंचाया। हालांकि, गंभीर चोटें लगने के कारण मजदूर ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।
मृतक की पहचान 42 वर्षीय मंटू कुमार के रूप में हुई है। वह मूल रूप से बिहार के छपरा जिले का रहने वाला था और पिछले करीब 25 वर्षों से पानीपत में रहकर फैक्ट्री में मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण कर रहा था। मंटू कुमार पानीपत की गंगाराम कॉलोनी में किराए के मकान में रहता था। उसके परिवार में दो बच्चे हैं। पिता की अचानक हुई मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है और दोनों बच्चों के सिर से पिता का साया उठ गया है।
जानकारी के अनुसार, हादसे के समय फैक्ट्री के गोदाम में कई मजदूर कपड़े की छंटाई का काम कर रहे थे। इसी दौरान अचानक कपड़े की एक भारी गांठ मंटू कुमार के ऊपर जा गिरी। गांठ के नीचे दबने से वह गंभीर रूप से घायल हो गया। मौके पर मौजूद अन्य मजदूरों ने उसे बचाने का प्रयास किया और तुरंत अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों के तमाम प्रयासों के बावजूद उसकी जान नहीं बचाई जा सकी।
हादसे की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का जायजा लिया। पुलिस ने मृतक के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए पानीपत के सामान्य अस्पताल के शव गृह में रखवा दिया है। फिलहाल पुलिस द्वारा मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा जाएगा।
करीब 25 साल पहले रोजगार की तलाश में बिहार के छपरा से पानीपत आए मंटू कुमार ने मजदूरी करके अपने परिवार को संभाला था, लेकिन गोदाम में हुए इस दर्दनाक हादसे ने परिवार की खुशियां छीन लीं। अब परिवार के सामने दो बच्चों की परवरिश और भविष्य की चिंता खड़ी हो गई है।