अनिल विज ने किया खुलासा: ''कैशलैस होगा हरियाणा रोडवेज का सफर, बसों में लगेगा GPS ट्रैकिंग सिस्टम''
punjabkesari.in Sunday, Jan 04, 2026 - 09:53 AM (IST)
अम्बाला : ऊर्जा, परिवहन एवं श्रम मंत्री अनिल विज ने बताया कि हरियाणा रोडवेज की बसों में अब यात्रियों को नकद टिकट लेने की जरूरत नहीं पड़ेगी क्योंकि विभाग द्वारा जल्द ही कैशलैस माध्यम से टिकट लेने की सुविधा शुरू कर दी जाएगी। इससे न केवल यात्रियों को सुविधा होगी बल्कि बस कंडक्टरों को भी नकदी की संभाल एवं खुले पैसे वापस करने के झंझट से छुटकारा मिल जाएगा। पंजाब केसरी कार्यालय अम्बाला पहुंचे अनिल विज ने यह खुलासा विशेष बातचीत के दौरान किया।
परिवहन मंत्री ने बताया कि हरियाणा रोडवेज की सभी बसों में अब जी.पी.एस. ट्रैकिंग सिस्टम लगेगा जिससे बस की लोकेशन के साथ-साथ उसकी स्पीड का भी पता चलता रहेगा। जैसे ही बस किसी ढाबे पर रुकेगी अथवा निर्धारित लिमिट से अधिक स्पीड पर दौड़ेगी तो उनके पास स्मार्ट बोर्ड और कंट्रोल रूम में अलार्ट की आवाज आएगी। जो भी बस ड्राइवर विभाग द्वारा निर्धारित नियमों का उल्लंघन करेगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्हें उम्मीद है कि यह सिस्टम लागू होने के बाद यात्रियों के समय की बचत होने के साथ-साथ उनकी यात्रा भी ज्यादा सुरक्षित होगी।
एक सवाल पर सरकार और पार्टी के प्रति संतोष का भाव प्रकट करते हुए विज ने कहा कि हरियाणा सरकार और भारतीय जनता पार्टी के अंदर पूरा लोकतंत्र है। सरकार में उनकी पूरी बात सुनी जाती है। उनके कहने पर काम होते हैं और कोई भी अधिकारी उन्हें काम से मना नहीं करता। उनका ज्यादा काम तो चंडीगढ़ में ही रहता है लेकिन कभी-कभी किसी बैठक के लिए उन्हें दिल्ली जाना होता है। अभी 7 जनवरी को भी उनकी केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के साथ बैठक है जिसमें नैशनल हाईवे से जुड़ी परियोजनाओं पर चर्चा की जानी है। उन्हें हर जगह पूरा सम्मान मिलता है और कहीं दिक्कत नहीं होती। राज्य की कानून-व्यवस्था के सवाल पर अनिल विज ने कहा कि उनके पास से गृह विभाग जाने के बाद भी हरियाणा में कानून-व्यवस्था को लेकर अच्छा काम हो रहा है। पुलिस द्वारा लगभग साढ़े 5 हजार समाज विरोधी तत्वों को गिरफ्तार करके सलाखों के पीछे धकेला गया है।
मुख्यमंत्री बनने की कभी इच्छा ही नहीं रखी
कैबिनेट मंत्री विज ने कहा कि जब चुनाव होता है और चुनाव के बाद जब परिणाम आते हैं तो सब विधायक दिल्ली में डेरा डाले होते हैं। किसी को मंत्री बनना होता है तो किसी को कोई विभाग लेना होता है, लेकिन वह आज तक नहीं गए और अपने घर पर ही रहते हैं। जहां तक मुख्यमंत्री न बनने का सवाल है तो इसके लिए इच्छा भी होनी चाहिए और उन्होंने कभी मुख्यमंत्री बनने की इच्छा नहीं रखी। उन्होंने कहा कि वह राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रशिक्षित स्वयंसेवक हैं, जहां 'डॉन्ट डिजायर, बट डिजर्व' का मूलमंत्र दिया जाता है। यही कारण है कि कभी ऐसी इच्छा नहीं रखी और चुनाव परिणाम आने पर कभी दिल्ली भी नहीं गए।
अम्बाला शहर में हस्तक्षेप नहीं करता
हरियाणा के सभी जिलों में जाकर कार्यकर्ताओं से मिलने संबंधी सवाल पर मंत्री अनिल विज ने कहा कि वह पार्टी के समानांतर तो काम नहीं कर सकते। वह प्रदेश के 2 जिलों में कष्ट निवारण समिति के चेयरमैन होने के नाते जाते हैं तो वहां पार्टी कार्यकर्ताओं से भी मिलते हैं। इसके अलावा भी जब कभी किसी जिले में जाते हैं तो कार्यकर्ताओं से मिलते हैं। जहां कहीं उनका आधिकारिक कार्यक्रम होता है तो वहां पार्टी कार्यकर्ता भी आ जाते हैं तो वहीं पास में किसी स्थान पर बैठकर बातचीत हो जाती है। नए भाजपा प्रदेशाध्यक्ष के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि यह उनका सब्जेक्ट मैटर ही नहीं है क्योंकि इस पर निर्णय राष्ट्रीय नेतृत्व को करना है। अनिल विज ने स्पष्ट किया कि वह अम्बाला शहर के मामलों में कभी हस्तक्षेप नहीं करते।
अम्बाला छावनी में मिलेंगी कई बड़ी सौगातें
कैबिनेट मंत्री अनिल विज ने बताया कि वर्ष 2026 के दौरान उनके निर्वाचन क्षेत्र अम्बाला छावनी को कई बड़ी सौगातें मिलने वाली हैं जिससे अम्बाला के विकास में तेजी आएगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का जन्म 1885 में हुआ और कांग्रेस ने यह संदेश देने का प्रयास किया कि उसी ने भारत को आजादी दिलाई है लेकिन सच्चाई तो यह है कि कांग्रेस के जन्म से भी 28 वर्ष पहले देश में 1857 में आजादी की पहली लडाई लड़ी गई। संयोगवश भारत का यह प्रथम स्वतंत्रता संग्राम अम्बाला से ही शुरू हुआ था इसलिए उन्होंने लगभग 30 वर्ष पूर्व इस संग्राम के शहीदों की याद में अम्बाला में स्मारक बनवाने का बीडा उठाया था।
वर्ष 2014 में जब राज्य में भाजपा सरकार का गठन किया तो उनके प्रस्ताव पर तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल नेतुरंत हामी भरदीजिसकी बदौलत अम्बाला में जी.टी. रोड पर अंतर्राष्ट्रीय स्तर का शहीदी स्मारक बनकर तैयार हो चुका है। इसके अलावा उनके प्रयासों से ही अम्बाला का डोमैस्टिक एयरपोर्ट भी बनकर तैयार है। उनका प्रयास है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जल्द से जल्द इन दोनों बड़ी परियोजनाओं का उद्घाटन करें।
उन्होंने कहा कि शहीदी स्मारक के साथ ही आर्यभट्ट साइंस म्यूजियम का निर्माण कार्य पुनः शुरू हो गया है। इसी प्रकार अम्बाला रिंग रोड के अलावा पांवटा साहिब और शामली तक के एक्सपैस- वे भी इस वर्ष पूरे हो जाएंगे। बैंक स्क्वेयर का प्रथम चरण पूरा हो चुका है। नाइट फूड स्ट्रीट बनकर तैयार है जिसमें 40 शाकाहारी एवं 20 मांसाहारी स्टॉल होंगे और उनका प्रयास है कि इसमें देश के हर राज्य के व्यंजन उपलब्ध हो। अम्बाला सदर नगरपरिषद कार्यालय के नए भवन मैए.सी. मार्कीट और 2 सिनेमा हॉल के निर्माण की मंजूरी मिल चुकी है। इसके नक्शे पास हो चुके हैं।