हरियाणा में खत्म हो सकते हैं कई पुराने कानून, सरकार ने शुरू की नई पहल
punjabkesari.in Thursday, Jun 11, 2026 - 12:17 PM (IST)
हरियाणा डेस्क : हरियाणा सरकार ने सुशासन और नियामकीय सुधारों की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए राज्य के सभी अधिनियमों, नियमों, विनियमों, सरकारी आदेशों, परिपत्रों, अधिसूचनाओं, नीतियों और अन्य आधिकारिक दस्तावेजों की केंद्रीकृत डिजिटल ऑनलाइन रिपॉजिटरी तैयार करने का निर्णय लिया है। इसके साथ ही विभिन्न विभागों में लागू पुराने, अप्रासंगिक और अनावश्यक कानूनों तथा नियमों की व्यापक समीक्षा प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।
मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार राज्य के सभी महत्वपूर्ण वैधानिक और नीतिगत दस्तावेजों को एक डिजिटल मंच पर उपलब्ध कराया जाएगा। इस ऑनलाइन रिपॉजिटरी में सर्च सुविधा भी होगी, जिससे नागरिकों, उद्योगों और अन्य हितधारकों को प्रमाणिक एवं अद्यतन जानकारी आसानी से मिल सकेगी। दस्तावेजों को विषयवार, क्षेत्रवार और अंतिम संशोधन तिथि के आधार पर वर्गीकृत किया जाएगा।
सरकार ने सभी विभागों को निर्देश दिए हैं कि वे अपने अधीन आने वाले अधिनियमों, नियमों, विनियमों, अधिसूचनाओं, सरकारी आदेशों और नीतिगत दस्तावेजों की संपादन योग्य सॉफ्ट कॉपी 25 जून 2026 तक उपलब्ध कराएं, ताकि पोटर्ल शुरू होते ही उन्हें अपलोड किया जा सके। इसके साथ ही राज्य सरकार ने नियामकीय ढांचे की व्यापक समीक्षा भी शुरू की है। विभागों को ऐसे कानूनों और नियमों की पहचान करने के निर्देश दिए गए हैं जो समय के साथ अप्रासंगिक, दोहराव वाले या अत्यधिक जटिल हो चुके हैं। इन्हें समाप्त, संशोधित या सरल बनाया जाएगा। सरकार का लक्ष्य अनुपालन संबंधी बोझ कम करना, प्रशासनिक प्रक्रियाओं को सरल बनाना और नियामकीय स्पष्टता बढ़ाना है। सभी विभागों को 3 जुलाई 2026 तक अपनी विस्तृत कारर्वाई रिपोर्ट प्रस्तुत करनी होगी। इस पहल से शासन व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, प्रभावी और उत्तरदायी बनाने में मदद मिलेगी।