Paddy scam: करनाल में धान घोटाले में बड़ा एक्शन, 5 इंस्पेक्टरों को किया पद से बर्खास्त
punjabkesari.in Saturday, May 16, 2026 - 07:45 AM (IST)
करनाल : हरियाणा के करनाल में सामने आए बहुचर्चित धान घोटाले में खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए इंस्पैक्टर समीर वशिष्ठ समेत 5 अधिकारियों को सरकारी सेवा से बर्खास्त कर दिया है। विभागीय जांच में गंभीर अनियमितताएं सामने आने और एफ. आई. आर. दर्ज होने के बाद यह कार्रवाई की गई। बर्खास्त अधिकारियों में तरावड़ी मंडी के सब-इंस्पैक्टर रामफल, निसिंग मंडी के इंस्पैक्टर लोकेश, घरौंडा मंडी के इंस्पैक्टर यशवीर सिंह, जुंडला मंडी के इंस्पैक्टर संदीप शर्मा तथा करनाल मंडी के इंस्पैक्टर समीर वशिष्ठ शामिल हैं।
धान खरीद सीजन दौरान मंडियों में खरीद और उठान प्रक्रिया में भारी गड़बड़ी की शिकायतें सामने आई थीं। प्रारंभिक जांच में रिकार्ड और वास्तविक स्टॉक में भारी अंतर पाया गया। आरोप है कि कागजों में धान की खरीद दिखाकर सरकारी भुगतान जारी कराया गया जबकि कई मामलों में वास्तविक स्टॉक मौजूद नहीं था। जांच में यह भी सामने आया कि धान उठान के फर्जी रिकार्ड तैयार किए गए। कुछ स्थानों पर स्टॉक मंडियों में मौजूद मिला जबकि रिकार्ड में उसे उठाया हुआ दिखाया गया था। इससे सरकारी खजाने को भारी नुकसान पहुंचने की आशंका जताई गई। विभागीय आयुक्त के निर्देश पर गठित विशेष जांच दल ने मंडियों के रिकार्ड, स्टॉक रजिस्टर, गेट पास और ऑनलाइन डाटा की जांच की। जांच रिपोर्ट में कई गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। जांच रिपोर्ट में अधिकारियों की भूमिका संदिग्ध पाए जाने के बाद विभाग ने सख्त कार्रवाई करते हुए उन्हें सेवा से बर्खास्त कर दिया।
विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि भ्रष्टाचार और सरकारी धन के दुरुपयोग के मामलों में किसी भी कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा। सरकार 'जीरो टोलरेंस' नीति के तहत कार्रवाई कर रही है और भविष्य में भी ऐसी कार्रवाई जारी रहेगी। सूत्रों अनुसार यह कार्रवाई केवल शुरूआत मानी जा रही है। जांच एजेंसियां अब राइस मिलर्स, आढ़तियों और अन्य कर्मचारियों की भूमिका की भी जांच कर रही हैं। आने वाले दिनों में कुछ और नाम सामने आ सकते हैं।
(पंजाब केसरी हरियाणा की खबरें अब क्लिक में Whatsapp एवं Telegram पर जुड़ने के लिए लाल रंग पर क्लिक करें)