Haryana में महिला और बाल अपराध का ग्राफ बढ़ा, साल भर में 21,000 से अधिक मामले दर्ज... चौंकाने वाले है ये आंकड़े

punjabkesari.in Saturday, May 09, 2026 - 11:54 AM (IST)

चंडीगढ़: राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) की क्राइम इन इंडिया 2024 रिपोर्ट के अनुसार हरियाणा में बच्चों के खिलाफ अपराध की दर देश के सभी राज्यों में सबसे अधिक दर्ज की गई है। 2024 में राज्य में बच्चों के खिलाफ अपराध के 7,547 मामले सामने आए, जो 2023 के 6,401 मामलों की तुलना में लगभग 17.9 प्रतिशत अधिक हैं।2011 की जनगणना के आधार पर हरियाणा में यह दर 82.8 मामले प्रति लाख आबादी रही, जबकि मध्य प्रदेश 76.2 मामलों के साथ दूसरे स्थान पर रहा। हालांकि केंद्र शासित प्रदेश दिल्ली और अंडमान-निकोबार में यह दर हरियाणा से भी अधिक रही।

रिपोर्ट के मुताबिक 2024 में हरियाणा में बच्चों की हत्या के 54 मामले दर्ज हुए, जिनमें छह मामले दुष्कर्म के बाद हत्या के थे। बच्चों के अपहरण और अगवा करने के 2,725 मामले सामने आए, जिनमें 2,805 पीड़ित शामिल थे। इनमें 530 लापता बच्चे भी शामिल हैं। शिशु हत्या के आठ, बच्चों को छोड़ने के 39 और भ्रूण हत्या के 12 मामले दर्ज किए गए। बाल विवाह के 28 मामले भी सामने आए। पोक्सो एक्ट में कुल 2,116 मामले दर्ज हुए। इनमें यौन शोषण और गंभीर यौन शोषण से जुड़े 1,557 मामले शामिल हैं। अधिकांश पीड़ित लड़कियां थीं, हालांकि लड़कों के साथ अपराध के मामले भी दर्ज किए गए। रिपोर्ट में सामने आया कि पुलिस ने बच्चों के खिलाफ अपराध के 7,368 मामलों का निपटारा किया, लेकिन इनमें से 3,967 मामलों को झूठा घोषित कर दिया गया, जो कुल मामलों का 53.8 प्रतिशत है। वहीं अदालतों में केवल 589 मामलों में दोष सिद्ध हुआ और सजा की दर मात्र 28.7% रही।  

 दहेज हत्या के 207 मामले
राज्य में दहेज हत्या के मामलों में पिछले वर्षों की तुलना में कुछ कमी देखने को मिली है, लेकिन यह सामाजिक बुराई अब भी पूरी तरह समाप्त नहीं हो पाई है। वर्ष 2024 में दहेज हत्या के 207 मामले दर्ज किए गए, जो इस समस्या की गंभीरता को दशति हैं हरियाणा में महिलाओं के खिलाफ अपराध के मामलों ने चिंता बढ़ा दी है। वर्ष 2024 के दौरान राज्य में महिलाओं के प्रति अपराध के कुल 13,945 मुकदमे दर्ज किए गए।  


सबसे ज्यादा पढ़े गए

Content Writer

Isha

Related News

static