प्रिंसिपल पर बहू से छेड़छाड़ का आरोप, सरपंच समेत 5 के खिलाफ केस दर्ज
punjabkesari.in Tuesday, Mar 10, 2026 - 07:33 PM (IST)
नूंह, (ब्यूरो): नूंह जिले के पिनगवां गांव में एक विवाहिता के साथ छेड़छाड़, मारपीट और सोशल मीडिया के जरिए ब्लैकमेल करने का गंभीर मामला सामने आया है। पीड़िता के पिता की शिकायत पर महिला थाना नूंह पुलिस ने सरपंच ललिता पति, ससुर सहित पांच लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। खास बात यह है कि आरोपियों में शामिल पिनगवां के राजकीय कन्या उच्च विद्यालय में प्रिंसिपल के पद पर कार्यरत बताए जा रहे हैं। राजस्थान के जिला डीग के गांव बास बुर्जा निवासी रघुवीर ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उसकी बेटी की शादी 20 फरवरी 2022 को पिनगवां निवासी गौरव के साथ हिंदू रीति-रिवाज के अनुसार हुई थी।
आरोप है कि शादी के बाद से ही पीड़िता के ससुर की उस पर गलत नजर थी और वह अक्सर अशोभनीय इशारे करता था, लेकिन लोकलाज के कारण पीड़िता चुप रही। शिकायत के मुताबिक 24 जून 2025 को जब उसका पति घर से बाहर गया हुआ था, तब ससुर रात में उसके कमरे में घुस गया और गलत नियत से जबरदस्ती करने की कोशिश की। पीड़िता के शोर मचाने पर घर के अन्य सदस्य मनोज, ललिता और सागर मौके पर पहुंचे, लेकिन आरोप है कि उन्होंने पीड़िता का साथ देने के बजाय उसके साथ ही मारपीट की। पीड़िता ने फोन पर अपने पिता को सूचना दी, जिसके बाद वह रिश्तेदार के साथ पिनगवां पहुंचे। आरोप है कि आरोपियों ने उनके साथ भी मारपीट की, जिसके बाद वह अपनी बेटी को अपने घर ले गए। शिकायत में यह भी कहा गया है कि आरोपी सागर ने पीड़िता की स्नैपचैट आईडी का पासवर्ड हासिल कर लिया और सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक पोस्ट डालकर उसे ब्लैकमेल करने लगा।
आरोप है कि उसने पीड़िता पर शारीरिक संबंध बनाने का दबाव डाला और मना करने पर जिंदगी बर्बाद करने की धमकी दी। परिजनों के अनुसार 15 फरवरी 2026 को बिरादरी के लोगों के साथ समझौते की कोशिश करते हुए बेटी को दोबारा ससुराल छोड़ा गया, लेकिन आरोपियों का रवैया नहीं बदला और उसके साथ फिर मारपीट की गई। 17 फरवरी को दोबारा मारपीट होने पर पीड़िता ने पुलिस को बुलाया। पुलिस ने शिकायत के आधार पर पति गौरव, ससुर गिर्राज, मनोज, ललिता सरपंच और सागर निवासी पिनगवां के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 75(2), 115, 3(5), 126(2) और 308(3) के तहत महिला थाना नूंह में मुकदमा दर्ज किया है। मामले की जांच एलएएसआई आशा को सौंपी गई है।