हरियाणा की इस यूनिवर्सिटी में 50 करोड़ एफडी में घोटाले का आरोप! जर्जर फ्लैट्स-हॉस्टल ने खोली सिस्टम की पोल; हाई लेवल जांच की मांग
punjabkesari.in Saturday, Apr 18, 2026 - 05:02 PM (IST)
सोनीपत (सन्नी मालिक) : दीनबंधु छोटू राम विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय एक बार फिर आरोपों के घेरे में है। छात्र कोष के करीब 50 करोड़ रुपये को नियमों के खिलाफ निजी बैंक में एफडी करने का मामला सामने आया है, जिस पर कमीशन के खेल की आशंका जताई जा रही है। वहीं दूसरी तरफ यूनिवर्सिटी की जमीनी हकीकत भी चौंकाने वाली है सरकारी फ्लैट्स खंडहर बन रहे हैं, हॉस्टल जर्जर हालत में हैं। छात्रों को मूलभूत सुविधाएं तक नहीं मिल पा रही हैं। शैक्षणिक संगठन डीक्रूटा ने इस पूरे मामले को लेकर राज्यपाल, मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री से निष्पक्ष जांच की मांग की है।
शैक्षिक संगठन डीक्रूटा के प्रधान अजय डबास ने आरोप लगाए है कि छात्र कोष के करीब 50 करोड़ रुपये को सरकारी नियमों के तहत सरकारी बैंक में रखा जाना चाहिए था, लेकिन कथित तौर पर इसे एक निजी बैंक में कम ब्याज दर पर एफडी कर दिया गया। वहीं यूनिवर्सिटी कैंपस की हालत भी कई सवाल खड़े कर रही है। करीब 50 सरकारी फ्लैट वर्षों से खाली पड़े हैं और जर्जर हालत में खंडहर बनते जा रहे हैं। रखरखाव के नाम पर लापरवाही साफ दिखाई दे रही है।इतना ही नहीं, विश्वविद्यालय के हॉस्टल की स्थिति भी बेहद खराब बताई जा रही है। छात्रों को मूलभूत सुविधाएं तक नहीं मिल रही, जिसको लेकर कई बार छात्र आंदोलन भी कर चुके हैं, लेकिन हालात जस के तस बने हुए हैं। डीक्रूटा ने वाइस चांसलर पर फ्लैट्स के आवंटन में गड़बड़ी और चहेतों को फायदा पहुंचाने के आरोप लगाए हैं।साथ ही यूनिवर्सिटी एक्ट, सरकारी दिशा-निर्देश और अकाउंट्स कोड की अनदेखी के भी गंभीर आरोप सामने आए हैं। बिना सरकारी अनुमति लीगल एडवाइजर और स्टैंडिंग काउंसल की नियुक्ति को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं।
वही इस मामले पर हरियाणा भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मोहनलाल बडोली और विधायक निखिल मदान से सवाल किया तो उन्होंने कहा कि कमेटी द्वारा जांच की जा रही है और जो भी दोषी पाया जाएगा उसके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी और सरकार किसी भी दोषी को नहीं बक्शेगी।