GLS Company Accident: 120 घंटे बाद मलबे से मिले दो कर्मचारियों के कंकाल, मृतकों की संख्या बढ़कर तीन
punjabkesari.in Sunday, May 24, 2026 - 09:09 PM (IST)
रेवाड़ी(महेंद्र भारती): बावल औद्योगिक क्षेत्र स्थित GLS इंक कंपनी में लगी भीषण आग के बाद करीब 120 घंटे तक चले खोज अभियान में आखिरकार दो कर्मचारियों के कंकाल मलबे से बरामद किए गए। इस दर्दनाक हादसे के बाद कंपनी में मरने वालों की संख्या बढ़कर तीन हो गई है। अब दोनों कंकालों की पहचान डीएनए नमूनों के माध्यम से की जाएगी। सोमवार को न्यायालयीय विज्ञान टीम द्वारा दोनों कंकालों का शव परीक्षण किया जाएगा।
बताया जा रहा है कि 19 मई को रसायन बनाने वाली इस कंपनी में भीषण आग लग गई थी। आग इतनी भयावह थी कि कंपनी की एक इमारत भरभराकर गिर गई, जिसके नीचे दो कर्मचारी दब गए थे। घटना के बाद से ही मृतकों के परिजन कंपनी के बाहर टकटकी लगाए अपने अपनों के मिलने का इंतजार कर रहे थे। करीब पांच दिनों तक चले राहत एवं बचाव अभियान के बाद दोनों के अवशेष बरामद किए जा सके। इस हादसे में छह कर्मचारी गंभीर रूप से झुलस गए थे, जिनमें से एक कर्मचारी की दिल्ली के सफदरजन अस्पताल में उपचार के दौरान पहले ही मौत हो चुकी है। रसायन कंपनी होने और अंदर अत्यधिक तापमान के चलते राहत कार्य बेहद चुनौतीपूर्ण रहा।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए राष्ट्रीय आपदा मोचन बल की टीम को भी बुलाया गया था, लेकिन अंदर का तापमान अत्यधिक होने के कारण टीम को वापस लौटना पड़ा। इसके बाद स्थानीय प्रशासन और तकनीकी टीमों की मदद से करीब 15 हाइड्रा मशीनों के जरिए लगातार मलबा हटाने का काम किया गया। रेवाड़ी के उपायुक्त अभिषेक मीणा और पुलिस अधीक्षक हेमेंद्र मीणा लगातार मौके का दौरा कर राहत एवं बचाव कार्यों की निगरानी करते रहे। अब इस पूरे मामले में कंपनी प्रबंधन की भूमिका भी जांच के घेरे में आ गई है।
कंपनी पर राहत कार्य में सहयोग नहीं करने के आरोप भी लगे हैं। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि कंपनी संचालन के दौरान सुरक्षा मानकों और औद्योगिक नियमों का पालन किया गया था या नहीं। प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार यदि लापरवाही सामने आती है तो कंपनी प्रबंधकों पर कड़ी कार्रवाई तय मानी जा रही है।