पशु पकड़ने गई MCG की टीम पर हमला, केस दर्ज
punjabkesari.in Thursday, Jan 01, 2026 - 09:07 PM (IST)
गुड़गांव, (ब्यूरो): नगर निगम गुरुग्राम द्वारा शहर में खुले में घूमने वाले पशुओं की समस्या के समाधान के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के दौरान निगम कर्मियों के साथ अभद्रता, हमला और सरकारी कार्य में बाधा डालने के गंभीर मामले सामने आए हैं। इन घटनाओं को लेकर नगर निगम की शिकायत पर पुलिस थाना सेक्टर-56 और न्यू कॉलोनी में दो अलग-अलग एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। दोनों मामलों में भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 221 (सरकारी कार्य में बाधा), 3(5) और 351(2) के तहत मुकदमा पंजीकृत किया गया है।
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सेक्टर-56 में निगम टीम के साथ मारपीट व धमकी
पहला मामला थाना सेक्टर-56 में दर्ज किया गया है। शिकायतकर्ता आकाश, जो नगर निगम गुरुग्राम में सहायक सैनिटरी इंस्पेक्टर के पद पर कार्यरत हैं, ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वे निगम की टीम के साथ सेक्टर-56 क्षेत्र में सडक़ों पर घूम रही गायों को पकड़ने की ड्यूटी पर थे। टीम में अन्य अधिकारी व कर्मचारी भी मौजूद थे। शिकायत के अनुसार, कार्रवाई के दौरान कुछ स्थानीय लोगों ने जानबूझकर निगम के सरकारी कार्य में बाधा डाली। आरोपियों ने न केवल निगम कर्मियों के साथ गाली-गलौज की, बल्कि जान से मारने की धमकी भी दी। जब टीम ने गायों को पकड़ने का प्रयास किया तो आरोपियों ने उन्हें जबरन भगा दिया। इस दौरान कई मोटरसाइकिलों का इस्तेमाल किया गया, जिनमें से कुछ के नंबर नोट किए गए, जबकि कुछ वाहनों पर नंबर प्लेट तक नहीं थी। शिकायतकर्ता ने घटना के फोटो व वीडियो साक्ष्य भी पुलिस को सौंपे हैं। पुलिस ने शिकायत के आधार पर भीम पुत्र गेसा, तरुण पुत्र सूरज, सन्नी पुत्र कालू, रितिक पुत्र तबराज तथा संजय के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
न्यू कॉलोनी में निगम वाहन पर हमला
दूसरी घटना थाना न्यू कॉलोनी क्षेत्र में सामने आई। इस मामले में भी शिकायतकर्ता आकाश की शिकायत के मुताबिक, न्यू कॉलोनी इलाके में बेसहारा गायों को पकड़ने के लिए नगर निगम की टीम जब मौके पर पहुंची, तो कुछ अज्ञात लोगों ने निगम की गाड़ी पर हमला कर दिया। आरोप है कि हमलावरों ने गायों को निगम की गाड़ी से जबरन छुड़ा लिया, कर्मचारियों के साथ हाथापाई की और गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी। इस घटना का वीडियो भी बनाया गया, जिसे जांच के दौरान पुलिस को उपलब्ध कराने की बात कही गई है। पुलिस ने मामले को गंभीर मानते हुए संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कर जांच अधिकारी नियुक्त किया है।
अधिकारियों का कहना है कि सरकारी कार्य में बाधा डालना और ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों के साथ मारपीट करना गंभीर अपराध है। दोनों मामलों में साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। शहर को सुरक्षित और स्वच्छ बनाए रखने के लिए बेसहारा पशुओं के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। निगम कर्मियों की सुरक्षा को लेकर पुलिस से समन्वय बढ़ाया जाएगा, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो और दोषियों को कड़ी सजा दिलाई जा सके।
विशेष अभियान के तहत दिसंबर में 422 पशु पकड़े, गौशालाओं व नंदीशालाओं में सुरक्षित भेजे गए
नगर निगम गुरुग्राम द्वारा शहर को सुरक्षित, स्वच्छ और सुचारु यातायात योग्य बनाए रखने के उद्देश्य से आवारा पशुओं के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। निगम की विभिन्न टीमों ने दिसंबर माह के दौरान कुल 422 पशुओं को पकड़कर उन्हें गौशालाओं एवं नंदीशालाओं में सुरक्षित भिजवाया है। यह अभियान शहर की प्रमुख सड़को, आवासीय क्षेत्रों, बाजारों और संवेदनशील इलाकों में लगातार चलाया जा रहा है। सड़को पर घूम रहे पशु न केवल यातायात में बाधा बनते हैं, बल्कि कई बार दुर्घटनाओं का कारण भी बनते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए निगम द्वारा सुनियोजित तरीके से टीमें गठित कर कार्रवाई की जा रही है।
अभियान के दौरान निगम की सैनिटेशन व पशु नियंत्रण टीमें नियमित रूप से फील्ड में तैनात हैं। पशुओं को मानवीय तरीके से पकड़कर नजदीकी पंजीकृत गौशालाओं व नंदीशालाओं में भेजा जा रहा है, जहां उनके चारे, पानी और देखभाल की समुचित व्यवस्था है। निगम का उद्देश्य केवल पशुओं को सड़कों से हटाना ही नहीं, बल्कि उनकी सुरक्षा और संरक्षण भी सुनिश्चित करना है। यह अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा। साथ ही, पशुपालकों से अपील की गई है कि वे अपने पशुओं को खुला न छोड़ें। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ जुर्माना व कानूनी कार्रवाई भी की जा रही है। आने वाले समय में इस अभियान को और अधिक प्रभावी बनाया जाएगा।